जी. डी. गोयंका पब्लिक स्कूल, स्वर्ण नगरी, ग्रेटर नोएडा — कला, संस्कृति और अभिव्यक्ति से छात्रों का साक्षात्कार
— Vision Live / Greater Noida
जी. डी. गोयंका पब्लिक स्कूल, स्वर्ण नगरी, ग्रेटर नोएडा के कक्षा 6 से 8 के छात्रों ने आज एक रचनात्मक और शैक्षिक यात्रा के तहत नई दिल्ली के साकेत स्थित किरन नाडार म्यूज़ियम ऑफ आर्ट का भ्रमण किया। यह अनुभव न केवल छात्रों के लिए कलात्मक दृष्टिकोण से समृद्ध करने वाला था, बल्कि उन्हें आधुनिक और पारंपरिक भारतीय कला के विविध रूपों से गहराई से परिचित कराने वाला भी सिद्ध हुआ।
लोककला से लेकर डिजिटल इंस्टॉलेशन तक – कला के विविध रंग
भ्रमण के दौरान छात्रों ने सबसे पहले ‘तेपा पुतुल’ जैसी पारंपरिक बंगाली लोककला का अवलोकन किया, जो मिट्टी, कपड़ा, लकड़ी और पारंपरिक रंगों के माध्यम से तैयार की जाती है। इन कलाकृतियों में भारतीय लोककथाओं और सांस्कृतिक विरासत की स्पष्ट झलक दिखाई दी।
इसके बाद छात्रों ने ‘आ वर्ल्ड विदिन वर्ल्ड’ प्रदर्शनी में प्रसिद्ध चित्रकार गुलाम मोहम्मद शेख की 190 से अधिक कलाकृतियों के माध्यम से कविता, दृष्टिकोण और शिक्षा का कलात्मक समन्वय देखा। इस अनुभूति ने छात्रों को चित्रों के माध्यम से कहानी कहने की शक्ति को समझने का अवसर दिया।
एआई और समकालीन कला से हुआ परिचय
‘मिरर जैसे: एको ऑफ सॉन्ग, स्पेस एंड स्पेक्टर’ शीर्षक वाली प्रदर्शनी में छात्रों ने समकालीन और डिजिटल कला के अत्याधुनिक स्वरूपों का अनुभव किया। इसमें प्रतिष्ठित कलाकारों – अनीश कपूर, सोनिया खुराना और सुबोध गुप्ता – की मूर्तियाँ, एआई आधारित डिजिटल कलाकृतियाँ और वीडियो इंस्टॉलेशन शामिल थीं, जिसने छात्रों को कला की आधुनिक अभिव्यक्तियों की ओर आकर्षित किया।
शिक्षा से परे, अनुभवों का विस्तार
यह शैक्षणिक भ्रमण छात्रों के लिए सिर्फ एक दर्शनीय यात्रा नहीं रहा, बल्कि एक ऐसा अवसर रहा जिसने उनके भीतर कला, संस्कृति और समाज के प्रति संवेदनशीलता तथा अभिव्यक्ति की समझ को विकसित किया। संग्रहालय के अनुभव ने छात्रों को संग्रहालय संस्कृति से जोड़ते हुए उनके रचनात्मक सोच को भी एक नया दृष्टिकोण प्रदान किया।