BRAKING NEWS

6/recent/ticker-posts

Header Add

प्रेक्षक एवं जिला निर्वाचन अधिकारी की उपस्थिति में प्रत्याशियों के साथ बैठक



आदर्श आचार संहिता का पालन करें सभी राजनीतिक दल एवं प्रत्याशी

निर्वाचन के दौरान निर्वाचन में 95 लाख तक का व्यय कर सकते हैं प्रत्याशी

रैली एवं सभा की अनुमति के लिए सुविधा ऐप के माध्यम से ऑनलाइन किया जा सकता है आवेदन

प्रत्याशियों को अपना अपराधिक रिकॉर्ड प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में तीन बार करना होगा प्रकाशित/प्रसारित

Vision Live/Greater Noida 
      लोकसभा सामान्य निर्वाचन-2024 हेतु आज प्रत्याशियों को चुनाव चिन्ह आवंटित करने के उपरांत समस्त प्रेषक एवं जिला निर्वाचन अधिकारी मनीष कुमार वर्मा की उपस्थिति में प्रत्याशियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई, जिसमें आदर्श आचार संहिता, प्रत्याशियों द्वारा किए गए चुनावी व्यय का लेखा-जोखा एवं सुविधा, सी-विजिल ऐप के संबंध में प्रत्याशियों को विस्तृत जानकारी दी गई।
       जिला निर्वाचन अधिकारी ने पावर प्रजेंटेशन के माध्यम से आदर्श आचार संहिता के संबंध में सभी प्रत्याशियों को विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि कोई दल या अभ्यर्थी ऐसी किसी गतिविधि में शामिल नहीं होगा, जिससे भिन्न जातियों और धार्मिक या भाषाई समुदायों के बीच विद्यमान मतभेद अधिक गंभीर हो सकते हैं या परस्पर नफरत हो सकती है या तनाव पैदा हो सकता है। यदि राजनीतिक दलों की आलोचना की जाए तो यह उनकी नीतियों और कार्यक्रमों, गत रिकॉर्ड और कार्य तक ही सीमित रखी जाएगी, मत प्राप्त करने के लिए जाति, संप्रदाय की भावनाओं के आधार पर कोई अपील नहीं की जाएगी। 
         जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि मस्जिदों, चर्चों, मंदिरों और पूजा के अन्य स्थलों को निर्वाचन प्रचार के मंच के रूप में प्रयुक्त नहीं किया जाएगा। सभी दल और अभ्यर्थी ऐसी सभी गतिविधियों से ईमानदारी से परहेज करेंगे जो निर्वाचन विधि के अधीन भ्रष्ट आचरण एवं अपराध है। कोई भी राजनीतिक दल या अभ्यर्थी अपने अनुयायियों को किसी भी व्यक्ति की अनुमति के बिना उसकी भूमि, भवन, परिसर की दीवारों इत्यादि पर झंडा लगाने, बैनर लटकाने, सूचना चिपकाने, नारा लिखने आदि की अनुमति नहीं देगा। उन्होंने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को सभाएं, जुलूस, मतदान दिवस की गतिविधियों को लेकर विस्तार से जानकारी उपलब्ध कराई। साथ ही बताया कि मतदान बूथ पर मतदाताओं को छोड़कर ऐसा कोई व्यक्ति मतदान बूथ के भीतर प्रवेश नहीं करेगा, जिसके पास निर्वाचन आयोग का कोई मान्य पास नहीं है। उन्होंने बताया भारत निर्वाचन आयोग के द्वारा प्रेक्षकों को नियुक्त किया जाता है, यदि अभ्यर्थियों या उनके अभिकर्ताओं को निर्वाचन के संचालन के संबंध में कोई विशेष शिकायत या समस्या होती है तो उसे प्रेक्षक के ध्यान में ला सकते हैं। 
       जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि सभी राजनीतिक दल और अभ्यर्थी शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित मतदान और मतदाताओं को किसी भी तरह से परेशान किए बिना या कोई अड़चन पैदा किए बिना उन्हें अपने मताधिकार का उपयोग करने की पूरी स्वतंत्रता का सुनिश्चय करने के लिए निर्वाचन ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों के साथ सहयोग करेंगे। साथ ही यह भी सहमति देंगे कि उनके द्वारा मतदाताओं को प्रदान की गई पहचान पर्ची सफेद कागज पर होगी और उसे पर कोई प्रतीक या अभ्यर्थी का नाम या दल का नाम नहीं होगा। राजनीतिक दलों और अभ्यर्थियों द्वारा मतदान बूथों के पास लगाए गए शिविरों के निकट अनावश्यक भीड़ इकट्ठा नहीं होने देंगे ताकि दलों के कार्यकर्ताओं और समर्थकों और अभ्यर्थियों के मध्य टकराव और तनाव से बचा जा सके। बूथों के पास लगाए गए शिवर साधारण होंगे कोई पोस्ट झंडा प्रतीक या कोई अन्य प्रचार सामग्री प्रतिशत नहीं करेंगे। प्रत्याशियों या उनके समर्थकों के द्वारा मतदाताओं को कोई खाद्य सामग्री परोसी नहीं जाएगी।
       जिला निर्वाचन अधिकारी ने पावर प्रजेंटेशन के माध्यम से अभ्यर्थियों द्वारा व्यय रजिस्टर में चुनावी व्यय के लेखा-जोखा के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि सभी व्यय का लेखा-जोखा रजिस्टर में अंकन करना अनिवार्य होगा। व्यय रजिस्टर की जांच के लिए तीन तिथियां 12, 18 एवं 24 अप्रैल 2024 निर्धारित की गई हैं। इसमें सभी प्रत्याशियों
 को अपने व्यय पंजिका व लेखा जोखा प्रस्तुत करना होगा। उन्होंने बताया कि सभी प्रत्याशियों को अलग से बैंक अकाउंट खुलवाना अनिवार्य है, जिसके माध्यम से ही प्रत्याशी निर्वाचन का व्यय करेंगे। रैली, सभा, जुलूस  व नुक्कड़ निर्धारित समय सीमा के अंतर्गत ही करेंगे और सभी प्रकार के व्यय अनिवार्य रूप से खर्चे में सम्मिलित किए जाएंगे। साथ ही बताया कि व्यय रजिस्टर में किस प्रकार से अपने खर्चों का लेखा-जोखा रखना है। उन्होंने कहा कि यदि अभ्यर्थी लेखा निरीक्षण की तिथियों में उपस्थित नहीं होता है, तो संबंधित अभ्यर्थियों के विरुद्ध नियम अनुसार कार्रवाई करते हुए उनके जनसभा/जुलूस तथा वाहन की परमिशन पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने की कार्रवाई भी की जा सकती है।
       जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि मतदाताओं को प्रलोभन देना भी अपराध की श्रेणी में आता है, इसीलिए सभी अभ्यर्थी यह ध्यान में रखें कि किसी भी मतदाता को प्रलोभन न दिया जाए। उन्होंने बताया कि अभ्यर्थी द्वारा अपने विरुद्ध दर्ज आपराधिक मामलों की सूचना निर्वाचन अवधि में कम से कम तीन बार समाचार पत्रों एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के माध्यम से व्यापक रूप से प्रकाशित/प्रसारित करनी होगी, जिस पर किए गए खर्च का ब्यौरा लेखा टीम को उपलब्ध कराया जाए। साथ ही बताया कि आपराधिक मामलों की सूचना प्रथम बार नामांकन वापसी की तिथि से 4 दिन के भीतर, द्वितीय बार नामांकन वापसी की तिथि से पांचवें से आठवें दिन के बीच तथा तृतीय बार नामांकन वापसी की तिथि से 9वे से प्रचार करने की अंतिम तिथि तक करना अनिवार्य है।
       जिला निर्वाचन अधिकारी ने पावर प्रजेंटेशन के माध्यम से बैठक में उपस्थित सभी अभ्यर्थियों को सुविधा ऐप एवं सी-विजिल ऐप के संबंध में विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि आप किस प्रकार से सुविधा ऐप से रैली व सभा की अनुमति एवं सी-विजिल एप पर अपने शिकायत या सुझाव दर्ज कर सकते हैं।
      इस अवसर पर सामान्य प्रेक्षक सिमरनदीप सिंह, पुलिस प्रेक्षक शंकर चौधरी एवं व्यय प्रेक्षक सृष्टि चौधरी व राजराजेश्वरी ने बैठक में उपस्थित सभी अभ्यर्थियों से कहा कि आप सभी लोग लोकसभा सामान्य निर्वाचन-2024 हेतु भारत निर्वाचन आयोग द्वारा तैयार की गई गाइडलाइन का बहुत ही गहनता के साथ अध्ययन कर लें और उसी के अनुरूप अपने चुनावी कार्यों को संपन्न करें। उन्होंने कहा कि किसी भी दशा में आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन ना हो इस पर सभी अभ्यर्थी गण अपना विशेष ध्यान रखें, ताकि लोकसभा सामान्य निर्वाचन-2024 को सकुशल संपन्न कराया जा सके। साथ ही उन्होंने बताया कि यदि किसी भी अभ्यर्थी या आम जनमानस को लोकसभा सामान्य निर्वाचन-2024 को लेकर कोई शिकायत या सुझाव प्रस्तुत करना हो तो हमारे दिए गए मोबाइल नंबर या गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय में पहुंचकर व्यक्तिगत रूप से संपर्क कर सकते हैं।
       इस बैठक में सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि गण एवं प्रत्याशी, एडिशनल पुलिस कमिश्नर मुख्यालय बबलू कुमार, जॉइंट पुलिस कमिश्नर शिवहरी मीणा, डीसीपी राम बदन सिंह, मुख्य विकास अधिकारी जनार्दन सिंह, उप जिला निर्वाचन अधिकारी/अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व अतुल कुमार, अपर जिलाधिकारी प्रशासन डॉक्टर नितिन मदान, अपर जिलाधिकारी (एल.ए.) बच्चू सिंह, डिप्टी कलेक्टर चारुल यादव , अनुज नेहरा, सभी सहायक रिटर्निग ऑफिसर एवं नोडल ऑफीसर्स उपस्थित रहे।