BRAKING NEWS

6/recent/ticker-posts

Header Add

यूपीआईटीएस 2024 रोड शो



यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो के दूसरे संस्करण में अधिक लोगों को जोड़ने की एक कोशिश

Vision Live/New Delhi 
बहुप्रतीक्षित यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो 2024 का एक रोड शो निकाला गया जिसे उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट के सहयोग से आयोजित किया जा रहा है। अधिक से अधिक लोगों को यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो 2024 का एक रोड से जोड़ने के लिए आयोजकों द्वारा यह रोड शो 29 फरवरी को भारत मंडपम, प्रगति मैदान में भारत टैक्स 2024 के कार्यक्रम के दौरान आयोजित किया  गया। यह कार्यक्रम 25-29 सितंबर तक होने वाले यूपीआईटीएस 2024 की अगुवाई में एक आयोजन महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हुआ। 
यूपी के  एमएसएमई मंत्री राकेश सचान मुख्य अतिथि के रूप में रोड शो में शामिल हुए। साथ ही उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एमएसएमई और निर्यात प्रोत्साहन के अतिरिक्त मुख्य सचिव अमित मोहन प्रसाद सहित कई सम्मानित गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति दर्ज की गई। उत्तर प्रदेश सरकार के एमएसएमई और निर्यात संवर्धन विभाग द्वारा, इंडिया एक्सपोज़िशन मार्ट लिमिटेड (आईईएमएल), ग्रेटर नोएडा के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में आगामी यूपीआईटीएस 2024 के लिए रणनीतिक तैयारियों और दूरदर्शी दृष्टिकोण पर प्रकाश डाला गया।
उत्तर प्रदेश के एमएसएमई मंत्री राकेश सचान ने अपने संबोधन में कहा कि उत्तर प्रदेश ने पिछले कुछ वर्षों में अभूतपूर्व विकास किया है और यह सभी को दिखाई दे रहा है। खुद पीएम मोदी ने एमएसएमई के विकास के प्रयासों के लिए उत्तर प्रदेश की सराहना की है, जिसने अन्य राज्यों के लिए भी एक उदाहरण स्थापित किया है। उन्होंने राज्य में 96 लाख से अधिक एमएसएमई इकाइयां होने पर गर्व व्यक्त किया। साथ ही कहा कि राज्य में हाईवे, एयरपोर्ट और इंफ्रास्ट्रक्चर जैसी सुविधाओं के साथ व्यापार-व्यवसाय की अपार संभावनाएं हैं। जल्द ही, पीएम मित्र पार्क सभी औद्योगिक इकाइयों के लिए खुलेगा और उत्तर प्रदेश के विकास में योगदान देगा। सभी को यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो के दूसरे संस्करण में भाग लेना चाहिए, जो व्यवसाय की दृष्टि से पिछले संस्करण की तुलना में अधिक आकर्षक होगा।

एमएसएमई और निर्यात प्रोत्साहन के अतिरिक्त मुख्य सचिव अमित मोहन प्रसाद ने अपने संबोधन में सभी से इस शो में भाग लेने की अपील की, जो उत्तर प्रदेश के निर्माताओं को न केवल पूरे देश बल्कि पूरे विश्व के विशाल बाजारों से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि यूपीआईटीएस के पहले संस्करण के आयोजन के दौरान हमें कुछ आशंकाएं थीं और इसके बावजूद हमें बहुत अच्छी प्रतिक्रिया मिली, लेकिन इस बार हम उत्तर प्रदेश की क्षमता को प्रदर्शित करने के लिए भव्य आयोजन को लेकर अधिक आश्वस्त हैं।

डॉ. राकेश कुमार, चैयरमैन, आईईएमएल ने उत्तर प्रदेश सरकार के प्रति मेगा ट्रेड शो के आयोजन के लिए सभी सहायता देने के लिए अपना आभार व्यक्त किया और कहा कि इस बार हम उन श्रेणियों और क्षेत्रों को शामिल करेंगे जो जगह की कमी के कारण पिछले संस्करण में शामिल नहीं थे। उन्होंने पिछले संस्करण में छूट गए उत्पादों और उद्यमों को प्रदर्शित करने का वादा भी किया। उन्होंने कहा कि यूपीआईटीएस 2024 और भी भव्य होगा और सफलता में मील के पत्थर साबित होगा।
यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो (यूपीआईटीएस) 2023 की अभूतपूर्व सफलता ने उत्तर प्रदेश को वैश्विक मंच पर एक मजबूत ताकत के रूप में उभरने पर जोर दिया था।  इस कार्यक्रम ने 500 से अधिक विदेशी खरीदारों, 70,000 घरेलू खरीदारों और 300,000 से अधिक आगंतुकों को आकर्षित किया था। आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण के प्रति राज्य की प्रतिबद्धता पर जोर देते हुए, एक जिला एक उत्पाद (ओडीओपी) जैसी योजनाओं की सफलता की कहानियां लिखी गईं, जो निर्यात और रोजगार सृजन में एक महत्वपूर्ण वृद्धि दिखाती हैं, जिससे उत्तर प्रदेश एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के लक्ष्य की ओर तेज़ी से अग्रसर है।

यूपीआईटीएस 2024 का लक्ष्य अपने पूर्व सत्र द्वारा रखी गई ठोस नींव पर उन अपेक्षाओं पर खरा उतरना है, जो सभी को इससे है। यह एक अद्वितीय सोर्सिंग प्लेटफ़ॉर्म है जो नीति निर्माताओं, उद्योग के नेताओं, उद्यमियों और अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों को एक साथ लाता है,  साथ ही सहयोग के अवसरों को बढ़ावा भी देता है। यह शो उत्तर प्रदेश की सर्वश्रेष्ठ शिल्प कौशल, नवाचार और व्यावसायिक क्षमता का प्रदर्शन करता है। इस बीच काउंसिल ऑफ बाइंग एंड सोर्सिंग कंसल्टेंट्स ने उल्लेख किया कि वे दूसरे यूपीआईटीएस 2024 के दौरान 4000 करोड़ रुपए का बड़ा व्यवसाय उत्पन्न करने की उम्मीद कर रहे हैं।
इस रोड शो ने विविध दर्शकों को आकर्षित किया, जिनमें विभिन्न फोकस क्षेत्रों, व्यापार संघों, वाणिज्य मंडलों के प्रतिनिधि और उत्तर प्रदेश के एमएसएमई और निर्यात संवर्धन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे। व्यापार प्रतिनिधियों और संगठनात्मक नेताओं की अत्यधिक सकारात्मक प्रतिक्रिया ने आगामी यूपीआईटीएस 2024 से लोगों की अपेक्षा और इस मेले में उनकी रुचि को रेखांकित किया।