विजन लाइव/ग्रेटर नोएडा

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण द्वारा बोर्ड बैठक में शहर के आर.डब्लू.ए.  को मान्यता देने के फैसले का विरोध किया गया है। फैडरेशन ऑफ आर.डब्लू. ऐज. व डेल्टा-2 आर.डब्लू.ए महासचिव अलोक नागर ने एक बयान में कहा कि ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण द्वारा शहर के आर.डब्लू.ए. को मान्यता देने का फैसला सही नही है। इस फैसले में कहा गया है कि पार्क, ग्रीन बेल्ट, बारात घर, स्ट्रीट लाइट आदि रखरखाव में जो खर्चा आएगा, उसका आधा खर्चा प्राधिकरण देगा व आधा खर्चा आर.डब्लू. ए. करेगा। आर.डब्लू. ए पर खर्च की बात गलत है, जिसका शहर की आर डब्लू ए काफी विरोध कर रही हैं। उन्होंने कहा कि आर .डब्लू.ए के सदस्य तकनीकी एक्सपर्ट नहीं होते और उनका अपना रोजगार व व्यवसाय या अपनी भी नौकरी होती है। आर.डब्लू. ए के लोग मात्र अपना समय देकर सेक्टर की बेहतरी के लिए काम करते हैं। उन्होंने कहा कि पहले भी हमने मांग की है कि रखरखाव एवं विकास का कार्य प्राधिकरण अपने पास ही रखें और आर.डब्ल्यू. ए. के हिस्से में ना डालें। सबसे प्रमुख बात ये हैं कोई भी व्यक्ति प्राधिकरण के ऊपर ही भरोसा करके अपना आशियाना बनाता है कि उसको अच्छी सुविधाएं मिलेंगी। कोई भी नई प्रक्रिया अलोटी के विश्वास को डिगा देगी और निश्चित तौर पर शहर बदहाली की तरफ चला जाएगा। इस शहर को बसने में 20 वर्ष लग गए, लेकिन बर्बाद होने के लिए 1 वर्ष ही काफी है।