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शिक्षा और स्वच्छ ऊर्जा को मिली नई रफ्तार:-- विधायक दिनेश गोयल की पहल से दनकौर के शैक्षणिक संस्थानों को बड़ी सौगात


  मौहम्मद इल्यास-"दनकौरी /गौतमबुद्धनगर
क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और आधुनिक आवश्यकताओं के अनुरूप विकसित करने की दिशा में खंड स्नातक मेरठ–सहारनपुर विधान परिषद सदस्य दिनेश गोयल ने एक सराहनीय पहल की है। उनके प्रयासों से दनकौर क्षेत्र के दो प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों को महत्वपूर्ण विकास सहायता मिली है, जिससे शिक्षा के साथ-साथ स्वच्छ और नवीकरणीय ऊर्जा को भी बढ़ावा मिलेगा।
हाल ही में विधायक दिनेश गोयल से उनके कार्यस्थल पर मुलाकात के दौरान नववर्ष की शुभकामनाएं प्रेषित की गईं तथा आगामी स्नातक चुनाव को लेकर भी विचार-विमर्श हुआ। इसी दौरान स्थानीय शैक्षणिक संस्थानों की आवश्यकताओं से उन्हें अवगत कराया गया, जिस पर त्वरित और सकारात्मक निर्णय लिया गया।
विद्यालयों को मिला ठोस आर्थिक सहयोग
धनीराम शर्मा उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के लिए कक्ष निर्माण हेतु ₹5 लाख की धनराशि स्वीकृत कराई गई है। इस राशि से विद्यालय में अतिरिक्त कक्षों का निर्माण संभव होगा, जिससे विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण और सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
इसके साथ ही दनकौर स्थित सरस्वती शिशु मंदिर के लिए ₹9 लाख की लागत से सोलर पैनल स्थापना को मंजूरी दी गई है। यह पहल विद्यालय को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाएगी और छात्रों को पर्यावरण संरक्षण व नवीकरणीय ऊर्जा के महत्व से भी जोड़ने का कार्य करेगी।
आभार और सराहना
इस महत्वपूर्ण उपलब्धि पर जिला संयोजक (लघु उद्योग प्रकोष्ठ, गौतम बुद्ध नगर) अनिल गोयल ने विधायक दिनेश गोयल के प्रति आभार व्यक्त किया। वहीं, सरस्वती शिशु मंदिर प्रबंध समिति के अध्यक्ष एवं भाजपा लघु उद्योग प्रकोष्ठ के गौतम बुद्ध नगर जिला अध्यक्ष अनिल गोयल ने भी शिक्षा एवं ऊर्जा क्षेत्र में किए गए इस सहयोग के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।
"विजन लाइव" का विश्लेषण
शिक्षा के बुनियादी ढांचे के विस्तार के साथ-साथ स्वच्छ ऊर्जा को प्रोत्साहित करने की यह पहल दर्शाती है कि जनप्रतिनिधि केवल नीतिगत घोषणाओं तक सीमित नहीं हैं, बल्कि भविष्य की पीढ़ी के लिए स्थायी विकास की मजबूत नींव रख रहे हैं।
कक्ष निर्माण से जहां विद्यार्थियों को बेहतर सुविधा मिलेगी, वहीं सोलर पैनल परियोजना विद्यालय को पर्यावरण-अनुकूल और आत्मनिर्भर बनाएगी।
यह पहल निश्चय ही अन्य शिक्षण संस्थानों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगी और क्षेत्र में शिक्षा व सतत विकास की दिशा में एक मजबूत संदेश देगी।