विजन लाइव/ग्रेटर नोएडा
भारतीय किसान यूनियन अंबावता प्रतिनिधित्व द्वारा प्रधानमंत्री भारत सरकार के नाम जिलाधिकारी गौतमबुद्धनगर को किसानो और मजदूरों की समस्याओं के संबंध में मांग पत्र दिया। भारतीय किसान यूनियन अंबावता के पश्चिमी उत्तर प्रदेश अध्यक्ष जग्गी पहलवान के नेतृत्व में, प्रदेश उपाध्यक्ष महेश कसाना मेरठ मंडल अध्यक्ष नरेश चपरगढ़ के द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारत सरकार के नाम किसानो एवं मजदूरों की समस्याओं को हल करने के लिए कृषि मंत्री से किसानों की समस्याओं को हल किए जाने की मांगे की गई। इस मौके पर मांग पत्र में भारतीय किसान यूनियन अंबावता ने कहा कि भारत के कृषि मंत्री के द्वारा किसानों की मांगों को पूरा कराया जाए। किसान की बदहाली को सुधारा जाए,किसान को बहुत भारी नुकसान हुआ है, उसकी भरपाई के लिए मदद की जाए। जिससे किसानों के साथ देश की आर्थिक हालत ठीक हो, जो देश और किसान मजदूर के हित में हैं। किसान और जवान देश की रीढ़ है। इसे मजबूत किया जाए भारतीय किसान यूनियन अंबावता की उक्त मांग पत्र में निम्न प्रकार से मांगे हैं।

नंबर 1 किसानों का संपूर्ण  कर्जा माफ  हो
 नंबर 2 गन्ना भुगतान तुम गन्ना एक्ट के अनुसार 14 दिन के बाद बयाज सहित भुगतान हो
नंबर 3 किसान वृद्धा पेंशन पूरे देश मे 5000 प्रतिमाह सभी किसान को दी जाए।
 नंबर 4 स्कूली बच्चों की 3 महीने तक की फीस माफ की जाए।
 नंबर 5 बिजली बिल माफ किए जाएं।
 नंबर 6 स्वामीनाथ रिपोर्ट सी. 2 के आधार पर लागू हो।
 नंबर 7 गेहूं तोल सेंटरो पर किसानों के गेहूं का पैसा 24 घंटे में किसानों के खाते में भुगतान किया जाए।
 नंबर 8 देश के मजदूरों को उनके घर तक सभी को पहुंचाया जाए।
 नंबर 9 सभी तरह के मजदूरों को 5000 रुपए की महीने तक प्रतिमाह सहायता के रूप में दिया जाए।जिससे उनको परेशानी ना हो
 भारतीय किसान यूनियन अम्बावता  के जिला प्रवक्ता कृष्ण भाटी ने बताया कि सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुए जग्गी पहलवान के नेतृत्व में महेश कसाना प्रदेश उपाध्यक्ष, उत्तर प्रदेश एवं मंडल अध्यक्ष नरेश चपरगड़ जिलाधिकारी कार्यालय गौतमबुद्धनगर पर कार्यालय में बैठे एडीएम फाइनेंस एवं एसडीएम अभय कुमार को जब मांग पत्र सौंपने के लिए पहुंचे तो उन्होंनेे करीब 1.30 घंटे इंतजार के बाद ज्ञापन लेने से इंकार कर दिया। उसके बाद एल0आई0 यू0 के अनुरोध पर आरए थर्ड को ज्ञापन रिसीव कराया गया। साथ ही इन्ही मांगो को स्वयं उन्होंनेे ट्विटर अकाउंट के माध्यम से सभी माननीयों तक भी पहुंचा दिया गया है   उन्होंने बताया कि भारतीय किसान यूनियन अम्बावता का लक्ष्य हैं कि किसानो की उचित मांगो की किसी भी परिस्थिति में सरकार तक पहुंचाने का काम निरतंर संगठन के पदाधिकारी करते रहेंगे।