BRAKING NEWS

6/recent/ticker-posts

श्री बालाजी मानव सेवा समिति ने मनाया भव्य तीज महोत्सव


तीज महोत्सव में सैकड़ों महिलाओं ने लिया हिस्सा, भारतीय संस्कृति, संस्कार और पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
 मौहम्मद इल्यास- "दनकौरी"/ ग्रेटर नोएडा
श्रावण मास शुक्ल पक्ष चतुर्थी के पावन अवसर पर श्री बालाजी मानव सेवा समिति की सेविका महिला मंडल द्वारा तीज महोत्सव का भव्य आयोजन साराभाई ऑडिटोरियम, आईआईएमटी इंजीनियरिंग कॉलेज, नॉलेज पार्क-3, ग्रेटर नोएडा में हर्षोल्लास और उत्साह के साथ किया गया। कार्यक्रम में सैकड़ों महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और पारंपरिक परिधान, गीत-संगीत तथा सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से तीज पर्व की सुंदर छटा बिखेरी।
कार्यक्रम में संस्था के संस्थापक एवं प्रबंधक सतेन्द्र राघव विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने सेविका महिला मंडल द्वारा आयोजित तीज महोत्सव की सराहना करते हुए कहा कि श्री बालाजी मानव सेवा समिति भारतीय पर्व, संस्कृति, संस्कार और सनातन परंपराओं को संरक्षित एवं आगे बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
सतेन्द्र राघव ने कहा कि भारतीय संस्कृति और जीवनशैली में तीज उत्सव का विशेष महत्व है। यह पर्व केवल उत्सव और परंपरा तक सीमित नहीं है, बल्कि परिवार, समाज, प्रकृति, संस्कार और समर्पण की भावना को भी मजबूत करता है। संस्था मानव सेवा को सर्वोपरि मानते हुए “समर्पण, सेवा और संस्कार” को अपने मूल आधार के रूप में लेकर सामाजिक कार्यों को आगे बढ़ा रही है।
उन्होंने कहा कि प्रकृति एवं सृष्टि के संवर्धन के लिए समर्पण का संदेश आज के समय में बेहद महत्वपूर्ण है। तीज जैसे पर्व समाज में पर्यावरण संरक्षण, हरियाली और प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी की भावना को जागृत करने का माध्यम बन सकते हैं।
तीज सुंदरी डॉ. रत्ना गुप्ता ने बताया सनातन परंपरा का महत्व
कार्यक्रम में तीज सुंदरी डॉ. रत्ना गुप्ता ने तीज पर्व के आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक महत्व पर उद्बोधन दिया। उन्होंने भगवान शिव एवं माता पार्वती से जुड़ी कथा के माध्यम से उपस्थित महिलाओं को सनातन जीवन दर्शन, तपस्या, समर्पण और प्रकृति संरक्षण के महत्व से अवगत कराया।
डॉ. रत्ना गुप्ता ने कहा कि माता पार्वती ने भगवान शिव को प्राप्त करने के लिए कठोर तपस्या और समर्पण का मार्ग अपनाया। उन्होंने प्रकृति के संरक्षण और त्याग की भावना से जीवन को भगवान शिव के चरणों में समर्पित किया। उन्होंने कहा कि तीज उत्सव भारतीय संस्कृति में नारी शक्ति, परिवार, प्रकृति और संस्कारों के बीच मजबूत संबंध को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि तीज उत्सव के माध्यम से समाज में पर्यावरण एवं हरियाली के प्रति जनजागरण की भावना विकसित होती है। महिलाएं अपने परिवारों में संस्कारों और उच्च विचारों को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। इसी कारण हरियाली तीज जैसे पर्व परिवार मिलन, सामाजिक समरसता और संस्कारों के संरक्षण का महत्वपूर्ण माध्यम बनते हैं।
डॉ. रत्ना गुप्ता ने कहा कि “समर्पण, सेवा और संस्कार” की भावना के साथ मनाया जाने वाला तीज महोत्सव समाज को सकारात्मक दिशा देने के साथ-साथ सनातन संस्कारों के प्रति जागरूकता बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि समाज में सनातन संस्कृति और संस्कारों के संरक्षण के लिए प्रत्येक व्यक्ति को अपने स्तर पर निरंतर प्रयास करते रहना चाहिए।
सैकड़ों महिलाओं ने लिया हिस्सा
श्री बालाजी मानव सेवा समिति की ओर से आयोजित इस तीज महोत्सव में बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। पारंपरिक वेशभूषा, सांस्कृतिक गतिविधियों और आपसी मेल-मिलाप ने कार्यक्रम को यादगार बना दिया।
आयोजकों ने कहा कि तीज महोत्सव का उद्देश्य केवल पर्व मनाना नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, नारी शक्ति, पारिवारिक मूल्यों, पर्यावरण संरक्षण और सनातन संस्कारों के प्रति समाज में जागरूकता पैदा करना भी है।
ये रहीं प्रमुख रूप से उपस्थित
कार्यक्रम में बीना अरोड़ा, सीमा सिंह, अंजू शर्मा, राखी मित्तल, प्रतिमा सिंह, पिंकी त्रिपाठी, विद्या ओम, रीना गुप्ता, किरण मिश्रा, चंचल भारती, पूनम सिंह, अर्चिता, प्रियंका शर्मा, डॉ. रत्ना गुप्ता, रजनी गुप्ता, नेहा गुप्ता, उमा शर्मा, नवनीता महेश, प्रतिभा रॉय, शिवांगी दुबे, नीरजा, लालिमा, सौनी, मनीषा बवेजा, मंजू मित्तल, प्रियंका सिंह, रश्मी जुनेजा, नीलम मिश्रा, निशा मिश्रा, शिवानी मिश्रा, रिंकू मिश्रा, संगीता चौधरी, सुशीला, कुसुम, पूजा, पिंकी, संगीता, दिव्या, सौनी, मुकेश, मधु, श्वेता, नीलम कटारिया, परवेज, वंदना शर्मा, कमलेश, शीतल तिवारी, डिम्पल, सुनीता, सुरेखा, साधना, अर्चना मिश्रा, ललिता, बबली, नीलम, ममता, मंगल, प्रेमलता, इंदु शेखावत, प्रेम सहित सैकड़ों महिलाएं उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम के समापन पर आयोजकों ने सभी उपस्थित महिलाओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति, संस्कार और सामाजिक सेवा की भावना को इसी प्रकार निरंतर आगे बढ़ाया जाएगा।
.header-ads img { height:300px !important; max-height:300px !important; width:150% !important; object-fit:cover; }