BRAKING NEWS

6/recent/ticker-posts

भारतीय किसान यूनियन (मुलायम) की हुंकार, ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के CEO ने किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए विशेष बैठक का दिया आश्वासन

   मौहम्मद इल्यास- "दनकौरी"/ ग्रेटर नोएडा
भारतीय किसान यूनियन (मुलायम) के नेतृत्व में किसानों की लंबित समस्याओं को लेकर बुधवार को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। जिला अध्यक्ष बिन्नू भाटी के नेतृत्व में संगठन के प्रतिनिधिमंडल ने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) रवि कुमार एन.जी., अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी (ACEO) प्रेरणा सिंह, ओएसडी तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात कर किसानों की विभिन्न समस्याओं को विस्तार से उठाया। इस दौरान संगठन की ओर से एक विस्तृत ज्ञापन भी सौंपा गया।
बैठक में किसानों के लंबे समय से लंबित मुद्दों पर गंभीर चर्चा हुई। प्रतिनिधिमंडल ने स्पष्ट रूप से कहा कि वर्षों से लंबित समस्याओं के कारण किसान लगातार परेशान हैं और अब उनके समाधान में और देरी स्वीकार्य नहीं होगी। किसानों ने मुआवजा, 10 प्रतिशत आवासीय भूखंड, आबादी निस्तारण, बैकलीज, सड़क निर्माण, पार्किंग और हिंडन पुल की सुरक्षा सहित कई महत्वपूर्ण विषय अधिकारियों के समक्ष रखे।
सीईओ ने दिया विशेष बैठक का आश्वासन
बैठक के दौरान जिला अध्यक्ष बिन्नू भाटी ने किसानों की समस्याओं को विस्तार से रखते हुए शीघ्र समाधान की मांग की। इस पर सीईओ रवि कुमार एन.जी. ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि जल्द ही सभी प्रभावित गांवों के किसानों के साथ एक विशेष बैठक आयोजित की जाएगी। उन्होंने संगठन से गांवों के किसानों को एकत्रित करने का आग्रह करते हुए कहा कि अगले सप्ताह बैठक का समय निर्धारित किया जाएगा, जिसमें प्राधिकरण के सभी संबंधित अधिकारी एक साथ उपस्थित रहेंगे ताकि प्रत्येक समस्या पर मौके पर ही चर्चा कर समाधान की दिशा में निर्णय लिया जा सके।
सीईओ ने यह भी भरोसा दिलाया कि किसानों से जुड़े मामलों के निस्तारण की प्रक्रिया को प्राथमिकता दी जाएगी और संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए जाएंगे।
इन प्रमुख मुद्दों पर हुई विस्तृत चर्चा
बैठक में भारतीय किसान यूनियन (मुलायम) ने किसानों की ओर से निम्न प्रमुख मांगें रखीं—
बढ़ती महंगाई को देखते हुए किसानों के लिए नए भूमि मुआवजे की दर ₹10,000 से ₹15,000 प्रति वर्ग मीटर निर्धारित करने की मांग।
किसानों को देय 10 प्रतिशत आवासीय भूखंड शीघ्र आवंटित किए जाने की मांग।
जिन गांवों की आबादी का निस्तारण या समझौता लंबित है, उसे प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने की मांग।
बैकलीज से जुड़े लंबित मामलों का शीघ्र समाधान।
गांवों की टूटी हुई सड़कों के पुनर्निर्माण एवं मरम्मत का कार्य तेजी से शुरू कराने की मांग।
क्षेत्र में पार्किंग व्यवस्था विकसित करने का प्रस्ताव।
हिंडन पुल पर सुरक्षा की दृष्टि से मजबूत लोहे की जाली लगाने की मांग।
बिन्नू भाटी ने क्या कहा
बैठक के बाद जिला अध्यक्ष बिन्नू भाटी ने कहा कि संगठन किसानों के हितों के लिए लगातार संघर्ष कर रहा है और किसी भी किसान के अधिकारों से समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि शीघ्र ही सीईओ से समय लेकर सभी गांवों के किसानों की एक बड़ी बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें हर किसान अपनी समस्या सीधे प्राधिकरण के समक्ष रख सकेगा।
उन्होंने कहा कि संगठन का प्रयास है कि किसानों की वर्षों से लंबित समस्याओं का समाधान तेजी से हो और प्राधिकरण के साथ सकारात्मक संवाद के माध्यम से ठोस परिणाम सामने आएं।
ये रहे प्रमुख रूप से मौजूद
बैठक में जिला अध्यक्ष बिन्नू भाटी के साथ संजय फौजी, नरेश मुखिया, राजकुमार सहित भारतीय किसान यूनियन (मुलायम) के अनेक पदाधिकारी एवं किसान प्रतिनिधि उपस्थित रहे। सभी ने किसानों के मुद्दों को मजबूती के साथ अधिकारियों के समक्ष रखा।
विजन लाइव का विश्लेषण
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण और भारतीय किसान यूनियन (मुलायम) के बीच हुई यह बैठक किसानों की लंबित समस्याओं को लेकर महत्वपूर्ण मानी जा रही है। हालांकि बैठक में विभिन्न मांगों पर चर्चा हुई और प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने किसानों के साथ अलग से विस्तृत बैठक आयोजित करने का आश्वासन दिया है, लेकिन इन मांगों के संबंध में अंतिम निर्णय या क्रियान्वयन संबंधित प्रशासनिक एवं कानूनी प्रक्रियाओं के अधीन होगा।
यदि प्रस्तावित संयुक्त बैठक निर्धारित समय पर होती है और उसमें विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहते हैं, तो 10 प्रतिशत भूखंड, आबादी निस्तारण, बैकलीज, विकास कार्य और मुआवजे जैसे वर्षों से लंबित मामलों पर समाधान की दिशा में प्रगति संभव हो सकती है। अब किसानों और प्राधिकरण—दोनों की निगाहें आगामी बैठक और उसके बाद होने वाली कार्रवाई पर टिकी रहेंगी।
.header-ads img { height:300px !important; max-height:300px !important; width:150% !important; object-fit:cover; }