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आईटीएस इंजीनियरिंग कॉलेज के सीएसई विभाग का औद्योगिक भ्रमण: ड्यूकैट स्कूल ऑफ एआई में छात्रों ने सीखी आधुनिक तकनीकों की बारीकियां

📰  Vision Live / ग्रेटर नोएडा
आईटीएस इंजीनियरिंग कॉलेज के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग (सीएसई) विभाग द्वारा बी.टेक (सीएसई) के विद्यार्थियों के लिए ड्यूकैट, स्कूल ऑफ एआई में एक दिवसीय औद्योगिक भ्रमण एवं विशेषज्ञ सत्र का सफल आयोजन किया गया। इस पहल का उद्देश्य उद्योग–अकादमिक सहयोग को सशक्त बनाना और विद्यार्थियों को उभरती प्रौद्योगिकियों का व्यावहारिक अनुभव प्रदान करना था।
कार्यक्रम के दौरान आयोजित विशेषज्ञ सत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के तीव्र गति से विकसित होते परिदृश्य और इसके वास्तविक जीवन में बढ़ते उपयोगों पर विस्तृत चर्चा की गई। ड्यूकैट के उद्योग विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को एडवांस्ड एआई टूल्स, मशीन लर्निंग फ्रेमवर्क्स, जेनरेटिव एआई के नवीनतम ट्रेंड्स तथा वर्तमान उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल विकास के विषय में गहन जानकारी प्रदान की।
विशेषज्ञों ने बताया कि आज के प्रतिस्पर्धी तकनीकी वातावरण में केवल सैद्धांतिक ज्ञान पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यावहारिक दक्षता और प्रोजेक्ट-आधारित सीखना अत्यंत आवश्यक है। विद्यार्थियों को लाइव डेमो और केस स्टडी के माध्यम से समझाया गया कि किस प्रकार एआई आधारित समाधान विभिन्न उद्योगों—जैसे हेल्थकेयर, फिनटेक, ई-कॉमर्स और ऑटोमेशन—में क्रांतिकारी बदलाव ला रहे हैं।
सत्र के दौरान विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की, जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया तथा अपने अकादमिक ज्ञान को व्यावहारिक अनुप्रयोगों से जोड़ने का अवसर पाया। यह संवादात्मक सत्र छात्रों के लिए प्रेरणादायी और ज्ञानवर्धक सिद्ध हुआ।
इस अवसर पर विभागाध्यक्ष डॉ. जया सिन्हा ने विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करते हुए कहा कि ऐसे औद्योगिक भ्रमण छात्रों को उद्योग की वास्तविक कार्यप्रणाली से अवगत कराते हैं और उनके करियर निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। संकाय समन्वयक श्री घनश्याम सिंह एवं सुश्री तनु ने छात्रों के साथ भ्रमण में सहभागिता कर कार्यक्रम के सफल संचालन में सक्रिय भूमिका निभाई।
यह औद्योगिक भ्रमण विद्यार्थियों के लिए एक समृद्ध एवं प्रेरक शिक्षण अनुभव साबित हुआ। कार्यक्रम ने आईटीएस इंजीनियरिंग कॉलेज की अनुभवात्मक शिक्षा, नवाचार और उद्योग-उन्मुख शिक्षण के प्रति प्रतिबद्धता को और अधिक सुदृढ़ किया।