BRAKING NEWS

6/recent/ticker-posts

Header Add

गलगोटियास विश्वविद्यालय में 75वें गणतंत्र दिवस को भव्य उत्सव के रूप में मनाया

Vision Live/Yeida City 
गलगोटियास विश्वविद्यालय में 75वें गणतंत्र दिवस को देश की प्रगति, लोकतंत्र और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के भव्य उत्सव के रूप में मनाया।  स्वतंत्रता सेनानियों द्वारा दिखाए गए साहस और बलिदान की याद दिलाने वाले “75वें गणतंत्र दिवस” के पावन पर्व को गलगोटियास विश्वविद्यालय के शिक्षकों और विद्यार्थियों ने मिलकर मनाया। विश्वविद्यालय के (स्टूडेंट्स वेलफ़ेयर) के डीन माननीय डा० ए० के० जैन कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप पहुँचे। 
उन्होंने ध्वजारोहण करके कार्यक्रम की शुरुआत की। गलगोटियास विश्वविद्यालय की 40वीं वाहिनी और 31वीं कन्या वाहिनी उ० प्र० एनसीसी बटालियन के केडेटस ने तिरंगे को मार्च-पास्ट करके सलामी दी। 
उसके उपरांत होनहार कैडेट को उनकी उपलब्धियों के लिये मुख्य अतिथि द्वारा स्मृति चिह्न प्रदान करके सम्मानित किया गया। कैडेट ख़ुशी कुमारी को अभी हाल ही में “रसिया” में यूथ एक्सचेंज प्रोग्राम में भारत का प्रतिनिधित्व करके के लिये आज गलगोटिया विश्वविद्यालय की ओर के मुख्य अतिथि द्वारा मैडल पहना कर और चैक प्रदान करके सम्मानित किया गया। 
 साँस्कृतिक कार्यक्रम की श्रृंखला में “ऐ वतन मेरे वतन, मेरे वतन आबाद रहे तू” जैसे गाने गाकर विद्यार्थियों ने वातावरण को देश भक्ति के रंग में रंग दिया। 
गलगोटियास विश्वविद्यालय के लिये आज का दिन एक और विशेष उपलब्धि और खुशी का दिन रहा। क्योंकि आज गलगोटिया विश्वविद्यालय की छात्रा और 31वीं कन्या वाहिनी उ० प्र० एनसीसी बटालियन की कैडेट रितिका चौधरी को दिल्ली के कर्तव्य पथ एनसीसी की महिला टुकडी के साथ मार्च-पास्ट में सम्मिलित सलामी देने का सुअवसर प्राप्त हुआ। 

विश्वविद्यालय के चॉसलर सुनील गलगोटिया ने सभी को गणतंत्र दिवस की की शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि भारतीय गणतंत्र दिवस भारत की यात्रा, पहचान और लोकतांत्रिक सिद्धांतों का उत्सव है जो इसकी विविध आबादी को एकता के सूत्र में बांधे रखता है। यह अतीत के बलिदानों को श्रद्धांजलि देने, वर्तमान की उपलब्धियों का जश्न मनाने और एक ऐसे भविष्य की कल्पना करने का दिन है जहाँ राष्ट्र प्रगति और समृद्धि की ओर अग्रसर हो।
विश्वविद्यालय के सीईओ डा० ध्रुव गलगोटिया ने कहा कि राष्ट्र द्वारा की गई प्रगति पर चिंतन करने के साथ-साथ, यह भविष्य के लिए अपनी प्रतिबद्धताओं को और मजबूत करने की एक संकल्प भावना को नागरिकों में पैदा करता है। समारोह के दौरान तकनीकी विकास, आर्थिक विकास और सामाजिक कल्याण पर जोर एक अधिक समृद्ध और समावेशी राष्ट्र के मनोभाव को नागरिकों के हृदय में भरता है।
उन्होंने कहा कि भारत दुनिया का सबसे युवा देश है। आज राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में युवाओं को अपनी ज़िम्मेदारी और महत्ती भूमिका को पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ निभाने की ज़रूरत है।  
कार्यक्रम में गलगोटियास विश्वविद्यालय की एनसीसी यूनिट की लेफ़्टिनेंट गार्गी त्यागी एएनओ और एनसीसी प्रशिक्षक केयरटेकर ऑफ़िसर दुष्यंत राणा विशेष रूप से मौजूद रहे।