करप्शन फ्री इंडिया ने दोषियों पर कार्यवाही की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा

 


विजन लाइव/ग्रेटर नोएडा

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के द्वारा बनाई गई राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान की बिल्डिंग एवं प्राधिकरण की बिल्डिंग के निर्माण में हुए भ्रष्टाचार की जांच कर दोषियों को जेल भेजने की मांग को लेकर करप्शन फ्री इंडिया ने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के अपर मुख्य कार्यपालक अमनदीप डुली को एक ज्ञापन सौंपा। करप्शन फ्री इंडिया के संस्थापक चौधरी प्रवीण भारतीय ने बताया कि ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के द्वारा 2008 में कासना स्थित राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान का निर्माण किया गया था, जिस निर्माण में सैकड़ों करोड़ रुपए खर्च किए गए, उसके तत्पश्चात भी राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान के बेसमेंट एवं दीवारों से पानी लगातार निकल रहा है, जिस कारण बिल्डिंग कमजोर होने की स्थिति में हैं। उन्होंने बताया कि इस प्रकरण की शिकायत करप्शन फ्री इंडिया संगठन ने पूर्व में मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश, मुख्य सचिव राजेंद्र तिवारी एवं ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक से की थी। हाल ही में 3 सितंबर 2021 को उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव राजेंद्र तिवारी ने राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान के दौरें के दौरान पाया कि संस्थान के बेसमेंट से लगातार पानी निकल रहा है। चौधरी प्रवीण भारतीय ने बताया कि इस प्रकरण पर नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने बिल्डिंग के निर्माण के समय तत्कालीन इंजीनियर ठेकेदार आर्किटेक्ट आदि लोगों पर मुकदमा दर्ज कर कार्यवाही करने के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक को आदेश दिया है। वहीं ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण का दफ्तर भी सैकड़ों करोड़ रुपए खर्च कर बनाया गया, जिसकी स्टील पार्किंग से लगातार पानी गिर रहा है, लेंटर से प्लास्टर छूट छूट कर गाड़ियों के ऊपर आ गिरा, जिसकी शिकायत भी ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक महोदय की गई है। इन दोनों बिल्डिंगों के निर्माण के दौरान एक ही तत्कालीन सीनियर मैनेजर द्वारा कार्य कराया गया था, जो कि अब प्रमोशन पाकर नोएडा में महाप्रबंधक के पद पर तैनात हैं, ऐसे भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए। इस दौरान चौधरी संजय भैया, शिवकुमार कसाना, जीतू चेची, कुलवीर भाटी, हरीश भाटी, धर्मेंद्र भाटी, बॉबी गुर्जर, वेद प्रकाश शर्मा आदि पदाधिकारी और कार्यकर्तागण उपस्थित रहे।